घुमारवीं : चिट्टे के खिलाफ महिलाओं की हुंकार: लघट गांव महिला मंडल के समर्थन में उतरी संस्कार सोसायटी

रविवार को बरमाना पंचायत के लघट गांव की महिला मंडल प्रधान पिंकी शर्मा व अन्य सदस्यों ने संस्कार सोसायटी के संस्थापक महेंद्र धर्मानी तथा उनके सहयोगियों ने शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर संस्कार सोसायटी द्वारा चलाए जा रहे “चिट्टा अगेंस्ट अभियान” की विस्तृत जानकारी महिला मंडल को दी गई। महेंद्र धर्मानी ने बताया कि संस्कार सोसायटी पिछले दो वर्षों से लगातार चिट्टे जैसे घातक नशे के खिलाफ लड़ाई लड़ रही है और जन-जागरूकता अभियानों के माध्यम से समाज को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत करवा रही है। भेंट के दौरान संस्कार सोसायटी ने लघट गांव में महिला मंडल की अगुवाई में चिट्टे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान की खुलकर प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि यह अत्यंत गर्व का विषय है कि आज गांव की महिलाएं पूरी मजबूती और जागरूकता के साथ नशे के खिलाफ खड़ी हैं। यह स्पष्ट संकेत है कि प्रदेश की महिलाएं, बहनें और माताएं अब अपने बच्चों, भाइयों और परिवारों को नशे के इस दलदल से बचाने के लिए आगे आ रही हैं। महेंद्र धर्मानी ने कहा कि दिन-प्रतिदिन प्रदेश में चिट्टे की स्थिति चिंताजनक होती जा रही है। ऐसे में महिलाओं का आगे आना समाज के लिए उम्मीद की किरण है। उन्होंने कहा कि महिलाएं अपने घरों और आने वाली पीढ़ी को बचाने के लिए जो संघर्ष कर रही हैं, वह पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणास्रोत है। इस दौरान उन्होंने महिला मंडल पर पुलिस द्वारा दर्ज किए गए मामले पर भी कड़ा ऐतराज जताया। उन्होंने इसे अमानवीय और एकतरफा कार्रवाई करार देते हुए कहा कि इस तरह की कार्रवाइयों से नशे के खिलाफ खुलकर आवाज उठाने वाले लोगों का मनोबल टूट सकता है। उन्होंने जानकारी दी कि इस कार्रवाई के विरोध में संस्कार सोसायटी द्वारा राज्यपाल को पत्र लिखकर महिला मंडल की महिलाओं पर दर्ज मामले को वापस लेने की मांग की गई है। संस्कार सोसायटी ने महिला मंडल के सदस्यों को “चिट्टा अगेंस्ट घुमारवीं” के तहत चलाए जा रहे विभिन्न कार्यक्रमों और भविष्य की रणनीति की भी जानकारी दी। इस दौरान महेंद्र धर्मानी ने महिला मंडल की प्रधान पिंकी शर्मा सहित सभी सदस्यों को विश्वास दिलाया कि नशे के खिलाफ इस लड़ाई में संस्कार सोसायटी हर कदम पर उनके साथ खड़ी है और जब भी आवश्यकता होगी, उन्हें पूरा सहयोग दिया जाएगा।

Share the news