
मंडी,
उपमंडलाधिकारी (एसडीएम) गोहर देवी राम की अध्यक्षता में आज कार्यालय गोहर में स्वास्थ्य विभाग एवं जल शक्ति विभाग के अधिकारियों के साथ उपमंडल गोहर क्षेत्र में फैले पीलिया रोग की रोकथाम को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में रोग की रोकथाम, पेयजल की गुणवत्ता तथा जन-जागरूकता को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक के उपरांत एसडीएम देवी राम द्वारा ग्राम पंचायत बासा, गोहर एवं चैल चौक क्षेत्र की बावड़ियों तथा कुठेड़ जल शक्ति विभाग के टैंक का निरीक्षण किया गया। इस दौरान पेयजल की गुणवत्ता जांच के लिए आवश्यक सैंपल भी लिए गए। एसडीएम ने जल शक्ति विभाग को जल स्रोतों की नियमित सफाई, क्लोरीनेशन सुनिश्चित करने तथा दूषित जल की आपूर्ति पर तुरंत रोक लगाने के निर्देश दिए।
बैठक में पीलिया से बचाव को लेकर जन-जागरूकता संबंधी उपायों पर विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि पीलिया मुख्यतः दूषित पेयजल एवं अस्वच्छता के कारण फैलता है, इसलिए लोगों को उबला हुआ अथवा सुरक्षित पेयजल ही प्रयोग करने की सलाह दी गई। खुले में रखे खाद्य पदार्थों के सेवन से बचने, भोजन से पहले एवं शौच के बाद साबुन से हाथ धोने तथा स्वच्छता बनाए रखने की अपील की गई। पीलिया के लक्षण दिखाई देने पर घरेलू उपचार या झाड़-फूंक के बजाय तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य संस्थान में जांच व उपचार करवाने पर बल दिया गया। तैलीय भोजन, शराब एवं नशे से परहेज करने की भी सलाह दी गई।
एसडीएम ने स्वास्थ्य विभाग को पीलिया के संभावित मामलों पर सतत निगरानी रखने तथा समय पर उपचार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। वहीं आशा वर्करों को घर-घर जाकर लोगों को पीलिया से बचाव, स्वच्छ पेयजल के उपयोग एवं व्यक्तिगत स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए गए।
इस अवसर पर जल शक्ति विभाग एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।





