
#खबर अभी अभी सोलन ब्यूरो*
7 अगस्त 2023

प्रदेश में फोरलेन बनाने के लिए अब 90 डिग्री पर पहाड़ों की कटाई नहीं की जाएगी। इसके लिए राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने मापदंड बदलने का फैसला लिया है। इससे पहाड़ों को अधिक नुकसान नहीं होगा। मापदंड में बदलाव करने के लिए जल्द ही तकनीकी टीम भी पहाड़ों का मुआयना करेगी। इसके बाद सड़क निर्माण में पहाड़ियों की कटिंग यदि गुंजाइश होगी तो ही की जाएगी।
इससे पहाड़ सुरक्षित रहेंगे और अधिक नहीं दरकेंगे। इसके साथ-साथ फोरलेन निर्माण करने के लिए एक्सपर्ट समेत भू-विशेषज्ञों की भी राय ली जाएगी। इसके बाद ही ड्राइंग तैयार की जाएगी। यह फैसला राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के सबसे पहले फोरलेन प्रोजेक्ट परवाणू-सोलन में दरकती हुई पहाड़ियों को देखते हुए लिया है। वहीं इस प्रोजेक्ट में अब एक्सपर्ट की राय लेने के बाद नई तकनीक को अपनाकर दरकते पहाड़ों को भी टिकाया जाएगा।
इन दिनों तंबूमोड़ के पास नेशनल हाईवे पर पहाड़ी से रोजाना मलबा गिर रहा है। फोरलेन निर्माण कर रही कंपनी जिनता मलबा हटाती है उतना ही मलबा पहाड़ी से और सड़क पर आ जाता है। हैरत की बात यह है कि फोरलेन निर्माण कर रही कंपनी समेत राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को सड़क का निर्माण करना चुनौती बना हुआ है। वहीं फोरलेन का हिमाचल में सबसे पहला चरण होने से एनएचएआई ने बहुत कुछ सीखा है। जिसे अब ठीक करने का प्रयास भी किया जा रहा है।
#खबर अभी अभी सोलन ब्यूरो*





