
मंडी,
अंतरराष्ट्रीय महाशिवरात्रि महोत्सव के दौरान पहली बार हेरिटेज वॉक का आयोजन किया जा रहा है। इस पहल के माध्यम से लोगों को मंडी नगर की स्थापना की गौरवशाली यात्रा, प्राचीन मंदिरों, स्थापत्य कला, मूर्तिकला, सामाजिक संरचना तथा आध्यात्मिक विरासत से नजदीक से रूबरू होने का अवसर मिलेगा। यह हेरिटेज वॉक महोत्सव अवधि में प्रतिदिन आयोजित की जाएगी।
अतिरिक्त उपायुक्त मंडी गुरसिमर सिंह ने बताया कि हेरिटेज वॉक के लिए विस्तृत कार्य योजना तैयार कर ली गई है। वॉक के दौरान प्रतिभागियों को मंडी शहर की ऐतिहासिक धरोहरों, विशिष्ट स्थापत्य शैलियों तथा नगर के विकास क्रम से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी जाएंगी। इसके साथ ही प्रसिद्ध मंदिरों के इतिहास, उनसे जुड़ी मान्यताओं और निर्माण शैलियों से भी अवगत करवाया जाएगा।
उन्होंने कहा कि हेरिटेज वॉक के माध्यम से नगर के 300 से 500 वर्ष पुराने ऐतिहासिक एवं पुरातात्विक महत्व के मंदिरों के इतिहास, स्थापत्य विशेषताओं और सांस्कृतिक महत्ता को सामने लाया जाएगा। इससे न केवल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि मंडी की सांस्कृतिक पहचान को भी और मजबूती मिलेगी।
हिमाचल के हृदय स्थल में बसा मंडी नगर प्राकृतिक सौंदर्य, ऐतिहासिक धरोहरों और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत का अद्वितीय संगम है। मंडी नगर को ‘छोटी काशी’ के रूप में जाना जाता है। यहां स्थित प्राचीन मंदिर नगर के वैभवशाली इतिहास और सांस्कृतिक विरासत के प्रतीक हैं तथा सदियों से आध्यात्मिक चेतना के केंद्र रहे हैं।
सोलहवीं शताब्दी में निर्मित त्रिलोकीनाथ मंदिर, पंचवक्त्र मंदिर, अर्धनारीश्वर मंदिर, बाबा भूतनाथ मंदिर सहित अन्य देवालय तत्कालीन सेन राजपूत शासकों की आध्यात्मिकता, शिल्पकला और सनातन परंपराओं की समृद्ध झलक प्रस्तुत करते हैं।
हेरिटेज वॉक के माध्यम से मंडी की वास्तुकला, शिल्पकला, मंडी रियासत के इतिहास, सामाजिक जीवन और धार्मिक विश्वासों से जुड़े अनेक पहलुओं से स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु और पर्यटक परिचित होंगे।





