
शिमला : हिमाचल प्रदेश में कांगे्रस संगठन के अध्यक्ष को लेकर पार्टी हाईकमान ने मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री समेत वरिष्ठ मंत्रियों की राय जानी है। साथ ही राहुल गांधी ने नेताओं को आपसी समन्वय के साथ काम करने को कहा है। दिल्ली में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खडग़े और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के साथ कांगे्रस मुख्यालय में हिमाचल के नेताओं की बैठक हुई। इस बैठक के बाद सभी नेताओं की कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल के साथ हिमाचल सदन में वन-टू-वन मीटिंग हुई और अब रजनी पाटिल हाईकमान को अपनी रिपोर्ट देंगी। बताया जा रहा है कि संगठन अध्यक्ष के लिए कुछ नामों पर वहां चर्चा की गई है जिसमें विनय कुमार, विनोद सुल्तानपुरी, आशीष बुटेल व कुलदीप सिंह राठौर का नाम भी सामने आया है। अब देखना होगा कि पार्टी हाईकमान मंत्रियों की राय पर आगे क्या निर्णय लेती है। उम्मीद है कि इसी सप्ताह में वहां से कार्यकारिणी की सूची आ जाएगी। कांग्रेस कमेटी का जल्द गठन होगा। बताया जा रहा है कि बैठक में कैबिनेट मंत्रियों में से ही किसी एक को राज्य अध्यक्ष बनाने का प्रस्ताव भी रखा गया।
इस पर हाईकमान ने स्पष्ट कर दिया है कि एक व्यक्ति, एक सिद्धांत लागू होगा। यदि किसी मंत्री पर प्रदेश अध्यक्ष बनाने की सहमति बनती है, तो उसे मंत्रिपद छोडऩा होगा। दिल्ली में आयोजित बैठक में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के गठन में हो रही देरी को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रतिभा सिंह सहित बैठक में मौजूद मंत्रियों ने कहा कि पीसीसी का गठन जल्द हो जाना चाहिए। इस बैठक में कांग्रेस संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल और प्रभारी रजनी पाटिल मौजूद थीं। प्रदेश अध्यक्ष प्रतिभा सिंह ने बैठक में पीसीसी से लेकर जिला व ब्लॉक स्तर की कार्यकारिणी जल्द गठित करने की पैरवी की। हिमाचल कांग्रेस के कई नेता दिल्ली से वापस लौट आए हैं। वहीं, कुछ नेता अभी भी दिल्ली में बताए जा रहे हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू मंगलवार को वापस लौटेंगे।
मंत्रिमंडल नहीं, सिर्फ प्रदेश कार्यकारिणी पर फोकस
दिल्ली में हाईकमान से हुई बैठक के दौरान मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर बातचीत नहीं की गई। यहां केवल संगठन के मामले को लेकर ही बात हुई है, क्योंकि पिछले लगभग नौ महीने से हिमाचल में कांगे्रस कार्यकारिणी का गठन नहीं हो सका है। वहां बताया जा रहा है कि कुल्लू से विधायक व पूर्व सीपीएस सुंदर ठाकुर भी दिल्ली में थे और उन्होंने हिमाचल सदन में रजनी पाटिल से मुलाकात की है। यहां मुख्यमंत्री भी साथ थे। मंत्रिमंडल ने एक पद खाली चल रहा है और सुंदर ठाकुर की दावेदारी उस पर है। कई दूसरी ताजपोशियां भी की जानी हैं, मगर अभी फिलहाल इन पर बात नहीं हुई है।
मंत्रियों के साथ रजनी पाटिल की वन-टू-वन मीटिंग
हाईकमान से बैठक के बाद सभी नेताओं की बैठक हिमाचल सदन में हुई है। यहां पर मुख्यमंत्री ने सभी को लंच भी दिया। रजनी पाटिल ने जहां सीएम के साथ अलग से बातचीत की, वहीं उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्रिहोत्री के अलावा धनी राम शांडिल, चंद्र कुमार, जगत सिंह नेगी, हर्षवर्धन चौहान व रोहित ठाकुर के साथ वन-टू-वन बातचीत की। उनकी राय जानी गई कि पार्टी का अध्यक्ष कौन होना चाहिए। उनकी पसंद कौन है और क्यों है। हिमाचल में संगठन को मजबूत करने को लेकर यहां पर चर्चा की गई, साथ ही सरकार की कार्यप्रणाली को लेकर भी चर्चा की। मंत्रियों से उनके विभागों की परफॉर्मेंस पर भी यहां बात की गई है।





