# 8वीं गवर्निंग बॉडी की बैठक राज्य सचिवालय शिमला में हुई ,जिसकी अध्यक्षता प्रधान सचिव (वन)ओंकार शर्मा ने की*

#खबर अभी अभी शिमला ब्यूरो*

 10 नवंबर 2022

हिमाचल प्रदेश वन पारिस्थतिकी तंत्र प्रबंधन एवं आजीविका सुधार परियोजना (जाइका वित्तपोषित) की 8 वीं गवर्निंग बॉडी की बैठक राज्य सचिवालय शिमला में हुई , जिसकी अध्यक्षता प्रधान सचिव (वन) ओंकार शर्मा  ने की। बैठक के  प्रारम्भ में  अतिरिक्त मुख्य अरण्यपाल एवं मुख्य परियोजना निदेशक (जाइका) नागेश कुमार गुलेरिया ने जाइका वानिकी परियोजना के अंतर्गत होने वाले कार्यों की विस्तृत जानकारी दी  और पूर्व  में हुई गवर्निंग बॉडी की बैठकों की संक्षिप्त जानकारी भी  बैठक में रखी। उन्होंने जानकारी देते हुए कहा की जाइका वानिकी परियोजना के तहत विभिन्न विकासात्मक व  आजीविका वर्धन के कार्य परियोजना के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों में  हो रहे हैं।  उन्होंने  बताया की 400  से अधिक माइक्रोप्लान , बिज़नेस प्लान स्वयं सहायता समूहों की आजीविका बढ़ाने के लिए तैयार किए  जा चुके  है और वित् वर्ष 2022 -2023  में 500  से अधिक नए  स्वयं सहायता समूह के साथ काम करने के लक्ष्य की ओर अग्रसर है।  परियोजना की  विभिन्न सफलताओं  की कहानियों  के बारे में भी उन्होंने बताया।  एक उदाहरण  घुमारवीं का है जिसमें 10 महिलाओं के स्वयं सहायता समूह  ‘जागृति ‘ने  मधुमखी पालन से लगभग 40  हज़ार का शहद बेचा  और प्रति महिला को 4  हज़ार का मुनाफा  हुआ।  अब जिसकी मांग  स्थानीय बाजार, जिला व प्रदेश स्तर के बाज़ारों में भी बढ़ने लगी है।   परियोजना में 22  से अधिक आजीविका वर्धन गतिविधियां  चलाई जा रही हैं  जिसमें सिलाई – कढ़ाई , मशरुम उत्पादन, टौर  के पतों से डूने  व पत्तलें  मुख्य गतिविधियां  हैं और  इनकी मार्केटिंग के लिए  विभिन्न माध्यम उपलब्ध  कराए जा रहे हैं। बैठक के दौरान प्रधान सचिव (वन) ओंकार शर्मा ने जाइका वानिकी परियोजना के अंतर्गत  होने वाले  कार्यों की सराहना की और कहा की  हमें परियोजना के माध्यम से ऐसे उदाहरण स्थापित करने चाहिए  जिससे लोगों का विश्वास  और  उत्साह परियोजना के प्रति बढ़ें। उन्होंने पहले से कार्य कर रहे स्वयं सहायता  समूहों को और अधिक सशक्त बनाने का आह्वान किया।  बैठक में  विभिन संस्थानों से आए प्रतिनिधियों  ने अपने सुझाव व विचार रखे। बैठक के अंत में   धन्यवाद प्रस्ताव डी. एफ. ओ.  एवं परियोजना  निदेशक  राजेश  शर्मा  ने प्रस्तुत किया। इस मौके  पर प्रधान मुख्य अरण्यपाल एवं वन बल प्रमुख श्री अजय श्रीवास्तव, सयुंक्त  सचिव (वन ) प्रवीण ताक ,  जड़ी बूटी सैल के निदेशक डॉ. आर. सी. कंग ,  वन विभाग , कृषि विभाग , नौनी विश्वविद्यालय के अधिकारी व परियोजना के कर्मचारी भी मौजूद रहे।

Share the news