
#खबर अभी अभी शिमला ब्यूरो*
12 सितंबर 2024

संजौली इलाके में एक मस्जिद के कथित अवैध निर्माण के मामले पर हिमाचल प्रदेश सरकार के मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कहा, “यह मामला लंबे समय से लंबित है। जहां तक इसमें अवैध भवन के निर्माण की बात है, उस पर सरकार ने संज्ञान लिया है। मैंने विधानसभा में भी मजबूती से कहा है कि जैसे ही इसमें फैसला आता है और अगर ये अवैध पाया जाता है तो निश्चित तौर पर इसे ध्वस्त किया जाएगा। मगर हमें कानून की प्रक्रिया से आगे चलना है। हम चाहते हैं कि हिमाचल प्रदेश में शांति का माहौल बना रहे।”
विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री रहते वीरभद्र सिंह ने ही 2006 में धर्मांतरण कानून बनाया था। यह हिमाचल के इतिहास में दर्ज है। करोड़ों रुपये मंदिरों के निर्माण को दिए। उन्होंने कहा कि विधानसभा में विधायक बलवीर वर्मा और हरीश जनारथा ने यह मामला उठाया। पंचायतीराज मंत्री ने भी इस मामले में अपनी बात रखी है। विभाग का मंत्री होने के नाते इसका जवाब दिया गया। संजौली में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात था। प्रदर्शन करना सबका अधिकार है। इसे राजनीतिक रंग नहीं दिया जाएगा। माहौल शांत करने के लिए नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर, मंत्री, विधायकों से इस मामले में बात होगी। वह इस बारे में मुख्यमंत्री से चर्चा करेंगे।





