
#खबर अभी अभी सोलन ब्यूरो*
24 अक्तबर 2024
अहोई अष्टमी का त्योहार हर साल कार्तिक माह की कृष्ण पक्ष की अष्टमी को मनाया जाता है जिसमें महिलाएं अपनी संतान की लंबी उम्र और खुशहाल जीवन की कामना के लिए व्रत रखती हैं कुछ महिलाएं संतान सुख की प्राप्ति की कामना के लिए भी अहोई अष्टमी का व्रत रखती हैं मान्यता है कि इस व्रत के प्रभाव से संतान का मंगल होता है और संतान सुख से वंचित महिलाओं को संतान सुख की प्राप्ति होती है।
इस दिन अहोई माता की पूजा अर्चना की जाती है, और पूरे दिन निर्जला व्रत रखा जाता है कुछ महिलाएं शाम के समय तारा देखकर व्रत का समापन करती हैं तो कुछ महिलाएं चांद को देखकर अहोई अष्टमी के व्रत का समापन करती हैं इस विषय पर जानकारी देते हुए स्थानीय लोगो ने बताया कि अहोई अष्टमी के दिन महिलाएं अपने बच्चो के लिए व्रत रखती है और अपनी संतान की लंबी उम्र और खुशहाल जीवन की कामना करती है।





