
स्कूल प्रबंधन समितियों के माध्यम से रखे गए शिक्षकों के लिए लिमिटेड डायरेक्ट रिक्रूटमेंट कोटा के तहत होने वाली भर्तियों को अभी समय लगेगा। इस परीक्षा को लेने के लिए स्कूल शिक्षा बोर्ड राजी हो गया है, लेकिन अब राज्य सरकार के स्तर पर फैसला होना बाकी है। एसएमसी टीचर्स के लिए अब तक राज्य सरकार ने जेबीटी, टीजीटी और सीएंडवी कैडर में भर्ती नियमों में बदलाव कर दिया है, जिसमें कोटा जोड़ दिया गया है, लेकिन अभी भी स्कूल लेक्चरर और डीपीई कैडर में यह बदलाव नहीं हुआ है, इसलिए एलडीआर परीक्षा लेने से पहले सभी वर्गों में भर्ती नियम बदलना जरूरी हैं। शिक्षा विभाग करीब 2400 पदों के लिए यह परीक्षा लेगा, जिसमें 900 पद उच्च शिक्षा में और बाकी पद एलिमेंट्री एजुकेशन में होंगे, लेकिन इस भर्ती के लिए भी पहले कैबिनेट से अनुमति का इंतजार है। अभी मंत्रिमंडल से सिर्फ लिमिटेड डायरेक्ट रिक्रूटमेंट कोटा देने की बात हुई है।
पद भरने की अनुमति के लिए मामला अलग से जाएगा, इसलिए इस एग्जाम में अभी थोड़ा समय लग सकता है, क्योंकि राज्य चयन आयोग कमीशन की अन्य परीक्षाओं में लगा हुआ है, इसलिए शिक्षा विभाग ने स्कूल शिक्षा बोर्ड से ही टेट की तरह यह एग्जाम लेने को कहा था। स्कूल शिक्षा बोर्ड ने हामी भर दी है और अब राज्य सरकार से अनुमति का इंतजार है। एसएमसी टीचर्स को यह मौका एक बार मिलेगा या बच गए शिक्षकों के लिए दोबारा एग्जाम होगा, इस पर अभी स्थिति साफ नहीं है। अभी इतना तय है कि एलडीआर कोटा मिलने के बावजूद परीक्षा पास करके ही सरकारी सिस्टम में एंट्री होगी।





