
एचआरटीसी की शिमला शहर से 40 किलोमीटर से अधिक दूरी से चलने वाली बसें अब पुराना बस अड्डे नहीं आएंगी। एचआरटीसी प्रबंधन ने इस संबंध में निर्देश जारी कर दिए हैं। इसके तहत 18 बसें पुराना बस स्टैंड की जगह सीधे अब आईएसबीटी जाएंगी। आदेशों में निगम प्रबंधन ने 18 रूटों की सूची भी जारी कर दी है। निजी बस चालक-परिचालक संघ लंबे समय से शहर में लंबी दूरी की बसों के दाखिल होने पर विरोध जता रहा है। संघ का कहना है कि बड़ी बसों की वजह से शहर में ट्रैफिक जाम लग रहा है।
इस वजह से जहां शहरवासियों को परेशानी हो रही है वहीं कई बार रूट भी फेल हो जाते हैं। इसको लेकर 12 अक्तूबर को परिवहन निदेशालय में बैठक का आयोजन किया था। इसके बाद आरटीओ शिमला ने इस संबंध में निर्देश जारी कर दिए थे। निजी बस ऑपरेटर चालक परिचालक संघ ने शुक्रवार को आदेशों की अनुपालना नहीं होने के कारण 3 नवंबर से हड़ताल पर जाने का फैसला लिया था। इसको देखते हुए एक नवंबर को डीएम शिमला की ओर से इस संबंध में आदेश जारी कर दिए हैं। यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू मानी जाएगी। शिमला शहर में एचआरटीसी की करीब 200 बसों का संचालन होता है जबकि 106 के करीब निजी बसें चलती हैं।
अब इन रूटों की बसें सीधे आईएसबीटी जाएंगी
एचआरटीसी प्रबंधन की ओर जारी आदेशों के मुताबिक 18 रूटों पर चलने वाली बसें अब पुराने बस अड्डे की जगह सीधे आईएसबीटी जाएंगी। इसमें कुल्लू-शिमला, नगरोटा-शिमला, धर्मपुर-शिमला, परवाणु-शिमला, पावंटा-शिमला, नालागढ़-शिमला, जंगलबैरी-शिमला, धर्मशाला-शिमला, डाबर-शिमला, मार्कंड-शिमला, बिलासपुर-शिमला, दियोठ-शिमला, पट्टा-शिमला, कुनिहार-शिमला, लोहारघाट-शिमला, साई-लढ़ेच-शिमला और शिमला-अणु बस रूट शामिल हैं।
स्कूल ड्यूटी पर इन रूटों पर चलती हैं बसें
एचआरटीसी की स्कूल ड्यूटी पर लगी बसें भी अब आधे रास्ते से सवारियों को नहीं उठाएंगी। एचआरटीसी की बसें हिमलैंड में एडवर्ड स्कूल, ताराहॉल स्कूल, भराड़ी में चैप्सली स्कूल, ऑकलैंड हाउस स्कूल और चैप्सली समेत अन्य निजी स्कूलों में छात्रों को परिवहन सेवाएं उपलब्ध करवा रही हैं। आदेशों के तहत यह बसें अब आधे रास्ते से सवारियों को नहीं बैठाएंगी। हालांकि एचआरटीसी बस सेवाएं निर्धारित प्रारंभिक स्टेशनों ढली, संजौली, भट्ठाकुफर, मल्याणा, मैहली, पंथाघाटी, विकासनगर, बीसीएस, न्यू शिमला, फागली, टोटू, बालूगंज, समरहिल, ऑकलैंड टनल और भराड़ी आदि से परिवहन अधिकारियों की ओर से आवंटित रूट परमिट और समयसारिणी के अनुसार संचालित होंगी।
उपायुक्त शिमला की अधिसूचना के तहत एचआरटीसी की लंबी दूरी की बसें अब पुराना बस अड्डे की जगह सीधे आईएसबीटी जाएंगी। इसको लेकर निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
-निपुण जिंदल, प्रबंध निदेशक, एचआरटीसी





