हिमाचल: निजी क्षेत्र में कामगार 144 घंटे का कर सकेंगे ओवरटाइम, संशोधन विधेयक आज होगा पारित

हिमाचल प्रदेश में निजी क्षेत्र में काम करने वाले कामगार साल की एक तिमाही में 144 घंटे का ओवरटाइम कर सकेंगे। इसके लिए प्रदेश सरकार हिमाचल प्रदेश दुकान एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठान स्थापना अधिनियम में बड़ा बदलाव करेगी। इस संबंध में मंगलवार को उद्योग, श्रम एवं रोजगार मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने संशोधन विधेयक सदन के पटल पर रखा। अब बुधवार को विधानसभा में इस विधेयक को पारित करने का प्रस्ताव किया जाएगा। इस विधेयक में प्रस्तावित किए गए संशोधनों के अनुसार अधिनियम की धारा 7 में निर्धारित ओवरटाइम की सीमा को बदला जाएगा।

वर्तमान में यह सीमा प्रति तिमाही 50 घंटे है, जिसे बढ़ाकर 144 घंटे प्रति तिमाही किया जाना प्रस्तावित है। ओवरटाइम का भुगतान सामान्य प्रति घंटा मजदूरी के दोगुने के आधार पर किया जाएगा।इससे निजी क्षेत्र के कामगारों की आय में बढ़ोतरी की उम्मीद है। इसके अतिरिक्त वर्तमान अधिनियम के तहत सभी प्रतिष्ठानों के लिए पंजीकरण अनिवार्य है। नए संशोधन के बाद यह बाध्यता केवल 10 या उससे अधिक कर्मचारियों वाले प्रतिष्ठानों पर लागू होगी।

इससे छोटे कारोबारों पर नियमों का बोझ कम होगा। चौहान ने बताया कि यह अधिनियम वर्ष 1969 में बनाया गया था। पिछले पांच दशकों में कामकाज की परिस्थितियों और सामाजिक-आर्थिक ढांचे में बड़े बदलाव आए हैं, ऐसे में कानून को वर्तमान जरूरतों के मुताबिक अपडेट करना जरूरी हो गया था। अधिनियम को अधिक प्रासंगिक, व्यावहारिक और प्रभावी बनाना संशोधन का उद्देश्य बताया गया है। यह कदम राज्य के लाखों निजी क्षेत्र के कर्मचारियों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

Share the news