
हिमाचल प्रदेश में मौसम का मिज़ाज फिर बिगड़ गया है। दो दिन मौसम साफ रहने के बाद रविवार आधी रात को मौसम ने करवट ली और प्रदेश के कई हिस्सों में जोरदार तूफान और बारिश देखने को मिली। शिमला, कांगड़ा, कुल्लू और मंडी में तूफान ने तबाही मचाई है। जगह जगह तूफान बारिश ने फसलों पेड़ों घरों की नुकसान पहुंचाया है।
कांगड़ा जिले के छोटा भंगाल क्षेत्र के दियोट गांव में तेज तूफान ने तबाही मचाई है। कई घरों की छतें कउड़ गई हैं। पेड़ गिरे हैं। बैजनाथ में छोटा-भंगाल के गांव सरमाण, दियोट में तूफान के कारण घरों की छतें उड़ने की सूचना है। पालमपुर में भी तूफान से नुकसान की सूचना है।
मंडी जिले के सुंदरनगर की बीबीएमबी कॉलोनी में पेड़ गिरने से कार क्षतिग्रस्त हो गई। अपर पंडोह में तेज तूफान के कारण सफेदे के पेड़ की टहनी टूट कर गाड़ियों पर गिर गई। धर्मपुर विधानसभा क्षेत्र के संधोल के सोहर गांव में घर को भारी नुकसान पहुंचा और तेज आंधी और तूफान से रसोई घर तथा शौचालय पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। जोगिंदर नगर में तूफान से बस अड्डे के इसके अलावा, मंडी जिले के सराज के जरोल में बीती रात भीषण आंधी से पेड़ गिरने के कारण थुनाग-जंजैहली मुख्य मार्ग बंद हो गया है। सड़क के बीचों-बीच पेड़ आने से वाहनों की आवाजाही रुक गई है।
कुल्लू के काईसधार में तूफ़ान से भारी तबाही हुई और एक घर की छत पर उड़ गई। ग्राम पंचायत मशियार के घलिंगचा, घलियाड , कांडी और कमेडा में तूफान आने से 5 से 7 रिहायशी मकान और 10 गौशाला के छत उड़ने से भारी नुकसान हुआ है। बीती रात रात तूफान आने की वजह से पठानकोट के सुजानपुर जाने वाले रास्ते में एक पेड़ नीचे गिर गया। जिससे वाहनों की आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। जगह जगह से तूफान से नुक्सान की ख़बरें हैं। जिससे फसलों को भी नुकसान हुआ है।
उधर, धर्मशाला क्रिकेट स्टेडियम में आज दिल्ली और पंजाब के बीच होने वाले मैच पर बारिश का साया मंडरा रहा है। क्योंकि मौसम विभाग ने सोमवार के लिए बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है, जबकि मंगलवार को तूफान ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।





