हिमाचल पुलिस मुख्यालय ने प्रदेश सरकार को जिला किन्नौर और लाहौल-स्पीति को छोड़कर शेष दस जिलों में थाने खोलने का प्रस्ताव भेजा है। साइबर अपराधी हिमाचल के लोगों को अपने जाल में फंसाकर ठगी कर रहे हैं।
हिमाचल प्रदेश में लगातार बढ़ रहे साइबर अपराध पर लगाम लगाने के लिए राज्य के दस जिलों में एक-एक साइबर थाना खोला जाएगा। पुलिस मुख्यालय ने प्रदेश सरकार को जिला किन्नौर और लाहौल-स्पीति को छोड़कर शेष दस जिलों में थाने खोलने का प्रस्ताव भेजा है।
साइबर अपराधी हिमाचल के लोगों को अपने जाल में फंसाकर ठगी कर रहे हैं। वर्तमान में प्रदेश में रेंज स्तर पर शिमला, मंडी और धर्मशाला में ही साइबर पुलिस थाने हैं। चालू वित्त वर्ष में अब तक साइबर अपराध थाना शिमला में वित्तीय धोखाधड़ी से संबंधित 2,129 शिकायतें दर्ज की गई हैं।
पुलिस महानिदेशक संजय कुंडू ने बताया कि हिमाचल में बढ़ते साइबर अपराध को रोकने के लिए दस जिलों में साइबर थाने खोलने का प्रस्ताव प्रदेश सरकार को भेजा है। चालू वर्ष में साइबर क्राइम से जुड़े मामलों के तहत 75,36,000 रुपये पीड़ित परिवारों को पुलिस आरोपियों से जब्त कर लौटा चुकी है। इसके अलावा 1 करोड़ 53 लाख से अधिक की राशि आरोपियों से जब्त कर फ्रीज की गई है।
हर माह औसतन पांच हजार ठगी से संबंधित शिकायतें
नेशनल क्राइम रिपोर्ट ब्यूरो पोर्टल और टोल फ्र ी नंबर 1930 पर साइबर अपराध के शिकार लोगों की औसतन पांच हजार शिकायतें हर महीने दर्ज की जा रही हैं। लगातार मिलती शिकायतों से साइबर पुलिस थानों पर भी काम का बोझ बढ़ता जा रहा है। ऐसे में यदि जिला स्तर पर थाने खुलेंगे तो मामलों की तेजी से जांच होगी।
पीएम ने चिंतन शिविर में साइबर अपराध पर की थी चर्चा
साइबर अपराध कानून प्रवर्तन एजेंसियों के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गत दिनों राज्यों के गृह मंत्रियों के आयोजित चिंतन शिविर में साइबर अपराध से निपटने के लिए आईटी के उपयोग पर जोर दिया था।