
हिमाचल प्रदेश के देहरा विधानसभा क्षेत्र से पूर्व विधायक होशियार सिंह ने विधानसभा अध्यक्ष की ओर से अयोग्य घोषित किए जाने के बाद पेंशन नहीं मिलने पर हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। न्यायाधीश विवेक सिंह ठाकुर और न्यायाधीश सुशील कुकरेजा की खंडपीठ ने मामले में विधानसभा सचिव सहित सरकार और मुख्य सचिव को नोटिस जारी किए हैं। अदालत ने मामले में प्रतिवादियों से जवाब दायर करने को कहा है। मामले की सुनवाई 23 सितंबर को होगी। अदालत ने कहा कि याचिकाकर्ता की अंतरिम राहत के आवेदन पर अगली सुनवाई पर विचार किया जाएगा।
याचिका में बताया गया है कि देय पेंशन रोकने में प्रतिवादियों की कार्रवाई हिमाचल प्रदेश विधानसभा (सदस्यों के भत्ते और पेंशन) अधिनियम 1971 की धारा 6 (बी) का उल्लंघन है। प्रत्येक व्यक्ति जिसने पांच साल या उससे अधिक की अवधि के लिए विधानसभा के सदस्य के रूप में कार्य किया है, चाहे वह लगातार हो या नहीं, पेंशन प्राप्त करने का हकदार होता है। कानून इस्तीफे के मामलों में कोई अपवाद नहीं बनाता है। उन्होंने स्वेच्छा से इस्तीफा दे दिया था। इसलिए किसी भी स्थिति में पेंशन रोकना मनमाना और गैरकानूनी है।





