
राजधानी में जहरीला पदार्थ खाकर युवक की ओर से आत्महत्या करने का मामला सामने आया है। परिजनों ने आरोप लगाए कि उनके बेटे को कुछ दिन पहले युवकों ने गाली गलौज कर धमकी दी थी। इसी वजह से तनाव में आकर उसने अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। शिमला पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा के तहत केस दर्जकर छानबीन शुरू कर दी है। मृतक कृष्णानगर का रहने वाला था।
पुलिस को दी गई शिकायत में कृष्णा नगर निवासी राजू ने बताया कि उनका भांजा लोअर बाजार में दुकान पर काम करता था। 7 फरवरी को कुछ लोग दुकान पर आए और भांजे के साथ धक्का-मुक्की करने के साथ ही गाली-गलौज की। आरोपियों ने उसे गंभीर परिणाम भुगतने और जान से मारने की धमकी दी थी। इस घटना के बाद से युवक मानसिक तनाव में आ गया।
घटना के अगले दिन युवक ने अपने मामा को फोन करके इस बारे में जानकारी दी और रोते हुए कहा कि वह इस घटना से आहत है और मर जाएगा। इस दौरान वह किसी काम से बाहर गए हुए थे, उन्होंने उसे समझाया कि सबकुछ ठीक हो जाएगा और उसे घबराने की जरूरत नहीं है। परिजनों का आरोप है कि इसी वजह से तनाव में आकर 17 फरवरी को युवक ने जहरीला पदार्थ खा लिया। सूचना मिलते ही परिजन उसे पहले रिपन अस्पताल उपचार के लिए लेकर गए। यहां से आईजीएमसी शिमला रेफर किया गया लेकिन यहां उसने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया।
युवक के मामा ने बताया कि उन्होंने इस बारे में पहले भी थाना सदर में शिकायत दी थी कि उनके भांजे को डराया और धमकाया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस बारे में पुलिस ने कोई उचित कार्रवाई नहीं की। उन्होंने पुलिस में लिखित शिकायत दर्ज करवाकर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की गुहार लगाई है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 108 और 3(5) के तहत केस दर्जकर छानबीन शुरू कर दी है।
एसएसपी शिमला गौरव सिंह ने बताया कि युवक की आत्महत्या करने का मामला सामने आया है। परिजनों ने युवकों पर धमकाने और मारपीट करने के आरोप लगाए हैं। पुलिस ने आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा के तहत केस दर्जकर छानबीन शुरू कर दी है। हर पहलू से जांच की जा रही है।





