
चौपाल
चूड़ेश्वर सेवा समिति का 23वां दो दिवसीय महाधिवेशन चौपाल के सराह क्षेत्र में श्रद्धा और उत्साह के साथ आरंभ हो गया। इस अवसर पर चौपाल की सराह इकाई द्वारा शिरगुल महाराज के भक्तों का पारंपरिक वाद्य यंत्रों के साथ भव्य स्वागत किया जा रहा है, जिससे पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल में सराबोर हो गया है।
महाधिवेशन में हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड की कुल 57 इकाइयों के प्रतिनिधि भाग ले रहे हैं। समिति के केंद्रीय अध्यक्ष बीएम नंटा ने जानकारी देते हुए बताया कि इस अधिवेशन के दौरान समिति का वार्षिक लेखा-जोखा सभी सदस्यों के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। साथ ही आगामी वर्ष के लिए विभिन्न योजनाओं, धार्मिक गतिविधियों और भंडारे के आयोजन को लेकर विस्तृत चर्चा कर अंतिम रूप दिया जाएगा।
महाधिवेशन के पहले दिन एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में चूड़ेश्वर सेवा समिति की नई सराय का विधिवत उद्घाटन केंद्रीय अध्यक्ष बीएम नंटा द्वारा किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि यह सराय चूड़धार आने वाले श्रद्धालुओं के लिए बड़ी राहत साबित होगी और उन्हें ठहरने की बेहतर सुविधा उपलब्ध कराएगी।
उन्होंने बताया कि इस सराय का निर्माण करीब 90 लाख रुपये की लागत से किया गया है, जिसमें पूरी राशि समिति के सदस्यों द्वारा सहयोग के रूप में जुटाई गई है। इस आधुनिक सराय में 8 कमरे, एक विशाल हॉल और कार्यालय की व्यवस्था की गई है, जहां एक समय में लगभग 100 श्रद्धालु आराम से ठहर सकेंगे।
इस अवसर पर केंद्रीय कार्यकारिणी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रदीप ममगाईं, महासचिव डॉ. सुनील कमल, पूर्व अध्यक्ष हरिनंद मेहता, पूर्व सचिव ग्यार सिंह नेगी, नारायण चौहान, रमेश शर्मा, प्रधान अमर सिंह शास्त्री, चौपाल यूनिट के प्रधान प्रताप नेगी सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति और समिति सदस्य उपस्थित रहे।
महाधिवेशन के दौरान धार्मिक, सामाजिक और संगठनात्मक गतिविधियों के माध्यम से समाज में एकता और सेवा भावना को और मजबूत करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।





