
बिलासपुर। सदर आरएलए ब्रांच में वाहन पंजीकरण में सामने आए कथित फर्जीवाड़े में जांच के लिए एसडीएम की अध्यक्षता में गठित कमेटी ने 2025-26 में रजिस्टर्ड बाहरी गाडिय़ों की जांच रिपोर्ट तैयार की है। इस रिपोर्ट में लगभग 200 से 250 बाहरी गाडिय़ों की रजिस्टे्रशन पाई गई हैं। बताया जा रहा है कि कुछ में त्रुटियां भी सामने आई हैं। अब इन सभी को गाडिय़ों की फिजिकल वैरिफिकेशन करवाने और डॉक्यूमेंट जमा करने के लिए नोटिस जारी किए जा रहे हैं। फिजिकल वैरिफिकेशन और डॉक्यूमेंटेशन के दौरान सामने आने वाले त्रुटियों को दुरुस्त किया जाएगा। यदि नियमों में गड़बड़ी पाई जाएगी, तो नियमानुसार कार्रवाई भी की जा सकती है। खास बात यह है कि अभी एक साल के दौरान रजिस्टर्ड गाडिय़ों की जांच की गई है, जबकि अभी 2020 तक दर्ज गाडिय़ों की जांच होगी लिहाजा अभी फर्जी तरीके से रजिस्टर्ड सैकड़ों गाडिय़ों का खुलासा होने की संभावना है। बिलासपुर जिला प्रशासन ने आरएलए ब्रांच में फर्जी तरीके से बाहरी राज्यों की गाडिय़ों के पंजीकरण मामले को गंभीरता से लिया है।
उपायुक्त राहुल कुमार ने 2020 से अब तक पंजीकृत सभी वाहनों की चरणबद्ध जांच शुरू कर दी है, जिसके लिए एसडीएम की अध्यक्षता में कमेटी बनाई गई है। जांच का मुख्य उद्देश्य यह पता लगाना है कि नियमों की अनदेखी कर किन वाहनों का पंजीकरण किया गया और किन मामलों में सरकारी राजस्व को नुकसान पहुंचा है। ताजा स्थिति में कमेटी ने 2025-26 में यानी एक साल की अवधि में रजिस्टर्ड बाहरी गाडिय़ों की जांच की है जिसके तहत तैयार रिपोर्ट में 250 के करीब गाडिय़ां पाई गई हैं। सभी गाड़ी मालिकों को दस दिन का नोटिस जारी कर गाडिय़ों की फिजिकल वैरिफिकेशन करवाने और डॉक्यूमेंट जमा करवाने के लिए कहा गया है। उपायुक्त राहुल कुमार के अनुसार गाडिय़ों का रेट, एनओसी, ट्रांजेक्शन और परमिट इत्यादि की बारीकी से जांच की जाएगी।
बाहरी गाडिय़ों की जांच
उपायुक्त राहुल कुमार ने बताया कि आरएलए ब्रांच सदर में रजिस्टर्ड बाहरी राज्यों की गाडिय़ों की जांच की जा रही है। जांच कमेटी ने ऐसी लगभग 250 गाडिय़ों का पता लगाया है, जो कि बाहरी राज्यों की हैं। इन गाडिय़ों के मालिकों को नोटिस जारी कर फिजिकल वैरिफिकेशन व डॉक्यूमेंटेशन करवाने के लिए कहा गया है।





