
खबर अभी-अभी | कुल्लू, 20 अगस्त।
सुशांत शर्मा, कुल्लू।

ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग के तहत ग्राम पंचायत शिलानाल, डाकघर बड़ाई, तहसील एवं जिला कुल्लू ने मैसर्स लक्ष्मी नारायण हाइड्रो एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड पर अनापत्ति प्रमाण-पत्र (NOC) में तय शर्तों का पालन नहीं करने का गंभीर आरोप लगाया है। इस संबंध में ग्राम पंचायत प्रधान मीना देवी की अध्यक्षता में कंपनी प्रबंधन को औपचारिक पत्र भेजकर नाराजगी जताई गई है और शर्तों को लागू करने की मांग की गई है।
2012 में जारी हुआ था NOC
ग्राम पंचायत के पत्र के अनुसार, 17 अगस्त 2012 को सरवरी नदी पर 2.50 मेगावाट क्षमता की खलाड़ा लघु विद्युत परियोजना स्थापित करने के लिए ग्राम पंचायत शिलानाल की ओर से NOC जारी किया गया था। पंचायत का कहना है कि यह सहमति कुछ निर्धारित शर्तों के आधार पर दी गई थी।
इन शर्तों में परियोजना में स्थानीय बेरोजगार युवाओं को उनकी योग्यता के आधार पर 70 प्रतिशत रोजगार देना, पंचायत क्षेत्र में आगजनी एवं आपदा प्रभावित लोगों को उचित मुआवजा प्रदान करना, ग्राम पंचायत के पंजीकृत एवं अपंजीकृत स्थानीय ठेकेदारों को काम उपलब्ध करवाना तथा नियमानुसार पंचायत क्षेत्र से आवश्यक सामग्री लेना शामिल था।
स्थानीय ठेकेदारों और प्रभावितों की अनदेखी का आरोप
ग्राम पंचायत और स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि कंपनी प्रबंधन द्वारा NOC में निर्धारित शर्तों का पूरी तरह पालन नहीं किया जा रहा है। पंचायत के अनुसार, कंपनी ने पंचायत क्षेत्र के केवल दो ठेकेदारों को काम दिया है, जबकि अन्य स्थानीय ठेकेदारों को काम उपलब्ध नहीं करवाया गया।
इसके अलावा आगजनी और आपदा से प्रभावित लोगों को उचित मुआवजा नहीं देने तथा नियमानुसार पंचायत से आवश्यक सामग्री नहीं लेने का भी आरोप लगाया गया है।
पंचायत ने शर्तों का पालन सुनिश्चित करने की मांग की
ग्राम पंचायत शिलानाल ने कंपनी प्रबंधन से पूरे मामले पर तत्काल संज्ञान लेने और NOC में निर्धारित सभी शर्तों को पारदर्शी तरीके से लागू करने की मांग की है। पंचायत का कहना है कि परियोजना से जुड़े कार्यों में स्थानीय लोगों, ठेकेदारों और प्रभावित परिवारों के हितों का ध्यान रखा जाना चाहिए।





