
खबर अभी अभी | 24 अगस्त, 2026 | शिमला

हिमाचल प्रदेश विधानसभा में सदस्य राकेश कालिया ने प्राकृतिक खेती को लेकर सरकार से सवाल उठाया। उन्होंने पूछा कि प्रदेश में प्राकृतिक खेती कर रहे किसानों को इससे कितना लाभ हुआ है और सरकार ने इस योजना पर अब तक कितनी धनराशि खर्च की है।
उन्होंने योजना को अधिक से अधिक किसानों तक पहुंचाने के लिए आयोजित किए गए जागरूकता और प्रशिक्षण शिविरों की संख्या की भी जानकारी मांगी।
प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रशिक्षण
कृषि मंत्री ने जवाब देते हुए बताया कि प्राकृतिक खेती के तहत मक्का की खरीद की गई है और इसके लिए करीब 80 लाख रुपये की राशि दी गई है। उन्होंने कहा कि विभाग को जो बजट उपलब्ध होता है, उसी के तहत योजना का कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि विभिन्न विभागों, जायका और कृषि विभाग की ओर से किसानों को प्राकृतिक खेती का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
कृषि मंत्री ने कहा कि उत्पादों के परीक्षण के बाद निर्धारित मापदंडों पर खरे उतरने वाले उत्पादों को टेंडर प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा। सरकार प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के साथ किसानों को उनके उत्पादों के लिए बेहतर बाजार उपलब्ध करवाने की दिशा में भी काम कर रही है।
प्रदेश में प्राकृतिक खेती से जुड़े करीब 2.20 लाख किसान-बागवान परिवार हैं और लगभग 38,437 हेक्टेयर क्षेत्र में प्राकृतिक खेती की जा रही है।





