
2 सितंबर 2026 | खबर अभी अभी | हमीरपुर

हमीरपुर। शिक्षा, फीस वृद्धि, रोजगार, कानून-व्यवस्था, नशे और महिला सुरक्षा सहित विभिन्न मुद्दों को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) 8 सितंबर को हमीरपुर में विशाल रैली आयोजित करेगी। एबीवीपी का दावा है कि रैली में हजारों छात्र एवं कार्यकर्ता शामिल होंगे।
एबीवीपी की प्रदेश मंत्री नैंसी अटल ने हमीरपुर में पत्रकार वार्ता के दौरान प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए उसे छात्र विरोधी बताया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों और युवाओं से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर सरकार की कार्यप्रणाली से छात्र वर्ग में रोष है।
फीस वृद्धि और शिक्षा व्यवस्था पर उठाए सवाल
नैंसी अटल ने कहा कि हिमाचल प्रदेश विधानसभा का सत्र चल रहा है और विद्यार्थियों एवं युवाओं को उम्मीद थी कि सदन में उनकी समस्याओं पर गंभीर चर्चा होगी। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार फीस वृद्धि, शिक्षा व्यवस्था और छात्र संघ चुनाव जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा से बचती नजर आ रही है।
उन्होंने हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय (एचपीटीयू), हमीरपुर में चल रही छात्र भूख हड़ताल का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थी पिछले करीब 15 दिनों से भूख हड़ताल पर हैं।
नैंसी अटल ने दावा किया कि एचपीटीयू में लंबे समय से स्थायी कुलपति और डीन के पद खाली हैं तथा नियमित स्टाफ की कमी का असर विद्यार्थियों की पढ़ाई पर पड़ रहा है। उन्होंने मांग की कि एचपीटीयू को सेल्फ फाइनेंस से हटाकर एडेड इंस्टीट्यूशन का दर्जा दिया जाए और रिक्त पदों को तत्काल भरा जाए।
3 से 4 हजार कार्यकर्ताओं के जुटने का दावा
एबीवीपी प्रदेश मंत्री ने कहा कि 8 सितंबर को हमीरपुर में करीब 3,000 से 4,000 कार्यकर्ताओं के साथ विशाल रैली निकाली जाएगी। उन्होंने कहा कि यह रैली झूठी गारंटियों और शिक्षा विरोधी नीतियों के खिलाफ आंदोलन का शंखनाद होगी।
चंबा और ऊना के मामलों पर भी रखी बात
नैंसी अटल ने चंबा और ऊना में अध्यापकों के साथ कथित बदसलूकी के मामलों पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि इन घटनाओं को लेकर सोशल मीडिया पर अलग-अलग तरह की बातें सामने आ रही हैं। उनका दावा है कि इन मामलों में विवाद की शुरुआत अध्यापकों की ओर से हुई, जिसके बाद छात्रों की ओर से प्रतिक्रिया सामने आई। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं निंदनीय हैं और पूरे मामले की निष्पक्षता से जांच होनी चाहिए।





