
शिमला | 13 अगस्त 2026
खबर अभी अभी


रेहड़ी-फड़ी तहबाजारी यूनियन (सीटू) ने तहबाजारियों को उजाड़ने के विरोध में आंदोलन तेज करने का ऐलान किया है। बुधवार को यूनियन के बैनर तले सैकड़ों रेहड़ी-फड़ी और तहबाजारी कारोबारी बारिश के बीच उपायुक्त कार्यालय पहुंचे और नगर निगम प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया।
नगर निगम आयुक्त और संयुक्त आयुक्त की अनुपस्थिति में प्रदर्शनकारी करीब दो घंटे तक अपनी मांगों को लेकर कार्यालय के बाहर डटे रहे। प्रदर्शन को सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा, जिला सचिव अमित कुमार, सचिव रमाकांत मिश्रा, विवेक कश्यप, रंजीव कुठियाला, यूनियन अध्यक्ष दर्शन लाल, ओमप्रकाश शर्मा और मोहन लाल सहित अन्य नेताओं ने संबोधित किया।
तहबाजारियों के सर्वे और पंजीकरण की मांग
यूनियन नेताओं ने कहा कि वर्षों से हजारों परिवार रेहड़ी-फड़ी और तहबाजारी के जरिए अपनी आजीविका चला रहे हैं। उनका आरोप है कि नगर निगम प्रशासन उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान करने के बजाय उन्हें हटाने की कार्रवाई कर रहा है।
यूनियन ने सभी पात्र तहबाजारियों का सर्वे और पंजीकरण पूरा करने, वेंडिंग सर्टिफिकेट जारी करने और शहर में वेंडिंग जोन विकसित करने की मांग की। इसके साथ ही लाइसेंस व्यवस्था को नियमित करने की भी मांग उठाई गई।
सामान जब्त करने और जुर्माने का विरोध
प्रदर्शनकारियों ने मनमानी फीस और जुर्माने की वसूली बंद करने, सामान की जब्ती तथा कथित उत्पीड़न पर रोक लगाने की मांग की। यूनियन ने नगर निगम प्रशासन से पूर्व में किए गए वादों को भी तत्काल लागू करने का आग्रह किया।
यूनियन नेताओं ने कहा कि लंबे समय से मांगों की अनदेखी किए जाने के कारण अब आंदोलन को और तेज किया जाएगा। इसी कड़ी में 17 अगस्त 2026 को नगर निगम शिमला कार्यालय के बाहर विशाल प्रदर्शन करने का ऐलान किया गया है।
यूनियन ने रेहड़ी-फड़ी और तहबाजारी कारोबारियों से बड़ी संख्या में प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की है। साथ ही चेतावनी दी कि यदि मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।





