IGMC पीडियाट्रिक सर्जरी विभाग ने की 6 सफल रोबोटिक सर्जरी, 2 से 6 साल तक के बच्चों का हुआ इलाज

18 अगस्त 2026 | खबर अभी-अभी
शिमला

शिमला स्थित इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (IGMC) ने पीडियाट्रिक सर्जरी के क्षेत्र में महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। संस्थान के पीडियाट्रिक सर्जरी विभाग में अब तक छह सफल रोबोटिक सर्जरी की जा चुकी हैं। इनमें 2 से 6 वर्ष तक के बच्चों की विभिन्न बीमारियों का उपचार किया गया है।

IGMC के अधिकारियों के अनुसार, हिमाचल प्रदेश में यह पहला अस्पताल है जहां बच्चों के लिए रोबोटिक सर्जरी की सुविधा उपलब्ध करवाई जा रही है। संस्थान में 11 मार्च 2026 को रोबोटिक सर्जरी सुविधा शुरू की गई थी। इसके बाद अब तक कुल 112 सफल रोबोटिक सर्जरी की जा चुकी हैं।

112 रोबोटिक सर्जरी में 6 बच्चों का इलाज

IGMC के मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. राहुल राव ने बताया कि संस्थान में रोबोटिक सर्जरी की सुविधा निजी अस्पतालों की तुलना में काफी कम लागत पर उपलब्ध करवाई जा रही है।

उन्होंने बताया कि 11 मार्च को मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने रोबोटिक सर्जरी सुविधा का उद्घाटन किया था। इसके बाद अब तक 112 सफल सर्जरी हुई हैं। इनमें 62 जनरल सर्जरी, 44 गायनी सर्जरी और 6 पीडियाट्रिक सर्जरी शामिल हैं।

डॉ. राहुल राव ने कहा कि रोबोटिक सर्जरी का लाभ मरीजों को अपेक्षाकृत कम खर्च में उपलब्ध करवाया जा रहा है।

बाइट: डॉ. राहुल राव, मेडिकल सुपरिंटेंडेंट, IGMC

ढाई साल के बच्चे की भी हुई रोबोटिक सर्जरी

पीडियाट्रिक सर्जरी विभाग के अध्यक्ष डॉ. राजकुमार ने बताया कि विभाग में पीडियाट्रिक रोबोटिक सर्जरी की शुरुआत हो चुकी है और अब तक छह बच्चों की सफल सर्जरी की गई है।

उन्होंने बताया कि इन सर्जरी में बच्चों की विभिन्न बीमारियों का उपचार किया गया है। किडनी ब्लॉकेज जैसी जन्मजात समस्याओं की भी रोबोटिक सर्जरी की गई है।

डॉ. राजकुमार के अनुसार, अभी तक विभाग में सबसे कम उम्र के करीब ढाई साल के बच्चे की रोबोटिक सर्जरी की गई है, जबकि छह साल की बच्ची का भी सफल उपचार किया गया है। उन्होंने कहा कि जन्मजात बीमारियों के उपचार में रोबोटिक सर्जरी के अच्छे परिणाम सामने आ रहे हैं।

बाइट: डॉ. राजकुमार, अध्यक्ष, पीडियाट्रिक सर्जरी विभाग

महज 30 हजार रुपये से शुरू हो रही सुविधा

सर्जरी विभाग के अध्यक्ष डॉ. पुनीत महाजन ने रोबोटिक सर्जरी की सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए मुख्यमंत्री का आभार जताया। उन्होंने कहा कि IGMC के अलग-अलग विभागों में रोबोटिक सर्जरी की जा रही है और प्रदेश के दूरदराज क्षेत्रों से मरीज इसका लाभ लेने शिमला पहुंच रहे हैं।

डॉ. महाजन ने बताया कि IGMC में करीब 30 हजार रुपये के न्यूनतम खर्च पर रोबोटिक सर्जरी की सुविधा उपलब्ध हो रही है। उन्होंने कहा कि यह सुविधा प्रदेश के लोगों के लिए बड़ी राहत है।

उन्होंने बताया कि चंबा से आए एक छोटे बच्चे को भी रोबोटिक सर्जरी का लाभ मिला है।

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